Rajasthan: कुंए में गिरे पेंथर को देशी जुगाड़ से निकाला बाहर, ट्रेंकुलाइज करने से पानी में गिरने का था खतरा 


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राजसमंद जिले में देवगढ़ पंचायत समिति के स्वादडी गांव के पास गोल्डा काबरा के कुंए में एक पैंथर गिर गया। पैंथर गांव के सेसुसिंह रावत के कुंए में गिरा था। ग्रामीणों ने उसके कुंए में पड़ा देखा तो देवगढ़ वन विभाग के अधिकारियों को इसकी सूचना दी।  

वनविभाग के रेंजर कमलेश रावत स्टॉफ के साथ मौके पर पहुंचे। इस दौरान पैंथर कुंए में एक चट्टान पर बैठा हुआ था। इसके बाद पैंथर को बाहर निकालने के प्रयास शुरू किए गए। स्थानीय लोगों की मदद से एक चारपाई को रस्सी से बांधकर कुंए में नीचे उतारा गया।  

रेस्क्यू के दौरान जैसे ही पलंग पैंथर के पास पहुंचा तो वह उस पर बैठ गया। वनविभाग की टीम ने पलंग को धीरे-धीरे ऊपर खिंचा। इस दौरान 7-8 फीट पहले ही पैंथर ने कुंए से छलांग लगा दी और फिर जंगल की ओर चला गया।  

जानकारी के अनुसार पैंथर करीब डेढ साल का था। बताया जा रहा है कि पैंथर करीब 3-4 बजे कुंए में गिरा था। सुबह आठ बजे ग्रामीणों ने उसे कुंए में पड़ा देखा। जानकारी लगते ही करीब 200 लोगों की भीड़ वहां एकतित्र हो गई।

पानी में गिरने का था डर 
बताया जा रहा है कि कुंए में पानी थी। इस कारण विभाग की टीम ने उसे ट्रेंकुलाइज नहीं किया, क्योंकि इससे पैंथर के पानी में गिरने का खतरा था। ऐसे में देशी जुगाड़ के जरिए उसे बाहर निकाला गया।   

विस्तार

राजसमंद जिले में देवगढ़ पंचायत समिति के स्वादडी गांव के पास गोल्डा काबरा के कुंए में एक पैंथर गिर गया। पैंथर गांव के सेसुसिंह रावत के कुंए में गिरा था। ग्रामीणों ने उसके कुंए में पड़ा देखा तो देवगढ़ वन विभाग के अधिकारियों को इसकी सूचना दी।  

वनविभाग के रेंजर कमलेश रावत स्टॉफ के साथ मौके पर पहुंचे। इस दौरान पैंथर कुंए में एक चट्टान पर बैठा हुआ था। इसके बाद पैंथर को बाहर निकालने के प्रयास शुरू किए गए। स्थानीय लोगों की मदद से एक चारपाई को रस्सी से बांधकर कुंए में नीचे उतारा गया।  

रेस्क्यू के दौरान जैसे ही पलंग पैंथर के पास पहुंचा तो वह उस पर बैठ गया। वनविभाग की टीम ने पलंग को धीरे-धीरे ऊपर खिंचा। इस दौरान 7-8 फीट पहले ही पैंथर ने कुंए से छलांग लगा दी और फिर जंगल की ओर चला गया।  

जानकारी के अनुसार पैंथर करीब डेढ साल का था। बताया जा रहा है कि पैंथर करीब 3-4 बजे कुंए में गिरा था। सुबह आठ बजे ग्रामीणों ने उसे कुंए में पड़ा देखा। जानकारी लगते ही करीब 200 लोगों की भीड़ वहां एकतित्र हो गई।

पानी में गिरने का था डर 

बताया जा रहा है कि कुंए में पानी थी। इस कारण विभाग की टीम ने उसे ट्रेंकुलाइज नहीं किया, क्योंकि इससे पैंथर के पानी में गिरने का खतरा था। ऐसे में देशी जुगाड़ के जरिए उसे बाहर निकाला गया।   



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