Rajasthan: नौकरियों की ऊपरी आयु सीमा में दो साल की छूट, इन्हें मिलेगी अनुकंपा नियुक्ति, गहलोत के दो बड़े फैसले


ख़बर सुनें

राजस्थान में प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को आयु सीमा में 2 वर्ष की छूट दी जाएगी। यह जानकारी शनिवार को सीएम अशोक गहलोत ने ट्वीट कर दी। अपने ट्वीट में उन्होंने लिखा, कोविड के कारण दो वर्षों तक नौकरी के लिए प्रतियोगी परीक्षाएं समय पर आयोजित नहीं हो सकीं, इसलिए आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को ऊपरी आयुसीमा में दो वर्षों की छूट दी जाएगी।

बता दें कि कोरोना के कारण प्रदेश में दो साल तक किसी भी तरह की प्रतियोगी परीक्षाओं का आयोजन नहीं हो सका था। इस कारण प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवा आयु सीमा पार कर गए थे। उनके द्वारा आयु सीमा में छूट देने की मांग लगातार की जा रही थी। इसे देखते हुए सरकार ने प्रतियोगी परीक्षाओं में दो साल की छूट दी है।  

इसके अलावा मुख्यमंत्री गहलोत ने एक और फैसला किया है। उन्होंने ट्वीट कर बताया कि 2013 की केदारनाथ त्रासदी में जान गंवाने वाले एवं स्थायी रूप से लापता हुए राजस्थान के निवासियों के परिजनों को संबल देने के लिए 2013 में अनुकंपा नियुक्ति देने की घोषणा की थी। इस दौरान कुछ लोगों को नियुक्ति दे दी गई थी। बाद में सरकार बदलने के बाद भाजपा सरकार ने इन नियुक्तियों को रद्द कर दिया था। मैं घोषणा करता हूं कि केदारनाथ त्रासदी के पीड़ितों के एलिजिबल परिजनों को पुनः अनुकंपा नियुक्ति दी जाएगी।

विस्तार

राजस्थान में प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को आयु सीमा में 2 वर्ष की छूट दी जाएगी। यह जानकारी शनिवार को सीएम अशोक गहलोत ने ट्वीट कर दी। अपने ट्वीट में उन्होंने लिखा, कोविड के कारण दो वर्षों तक नौकरी के लिए प्रतियोगी परीक्षाएं समय पर आयोजित नहीं हो सकीं, इसलिए आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को ऊपरी आयुसीमा में दो वर्षों की छूट दी जाएगी।

बता दें कि कोरोना के कारण प्रदेश में दो साल तक किसी भी तरह की प्रतियोगी परीक्षाओं का आयोजन नहीं हो सका था। इस कारण प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवा आयु सीमा पार कर गए थे। उनके द्वारा आयु सीमा में छूट देने की मांग लगातार की जा रही थी। इसे देखते हुए सरकार ने प्रतियोगी परीक्षाओं में दो साल की छूट दी है।  

इसके अलावा मुख्यमंत्री गहलोत ने एक और फैसला किया है। उन्होंने ट्वीट कर बताया कि 2013 की केदारनाथ त्रासदी में जान गंवाने वाले एवं स्थायी रूप से लापता हुए राजस्थान के निवासियों के परिजनों को संबल देने के लिए 2013 में अनुकंपा नियुक्ति देने की घोषणा की थी। इस दौरान कुछ लोगों को नियुक्ति दे दी गई थी। बाद में सरकार बदलने के बाद भाजपा सरकार ने इन नियुक्तियों को रद्द कर दिया था। मैं घोषणा करता हूं कि केदारनाथ त्रासदी के पीड़ितों के एलिजिबल परिजनों को पुनः अनुकंपा नियुक्ति दी जाएगी।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published.